Alert:क्या आप भी कम नमक खाते हो तो हो जाइये सावधान , जानिये कम नमक खाने के नुकसान

Alert:क्या आप भी कम नमक खाते हो तो हो जाइये सावधान , जानिये कम नमक खाने के नुकसान

नमक ज्यादा नहीं खाना चाहिए, यह हम सभी को पता है, लेकिन इसे बिल्कुल छोड़ देना खतरनाक हो सकता है ।कुछ लोग धार्मिक होने की वजह से व्रत रखते हैं, तो वहीं कुछ लोग अपने फिटनेस गुरु के कहने पर हफ्ते में कई दिन व्रत रखते हैं। अगर आप भी ऐसा करते हैं और केवल मीठा खाकर ही व्रत रखते हैं या फिर नमक कुछ ज्यादा ही कम खाते हैं तो यह खतरनाक हो सकता है।

कम नमक खाने से आपको क्या नुकसान हो सकते हैं? आइए जानते हैं..

सबसे पहले जानिए एक दिन में कितना नमक खाना जरूरी
सोडियम नमक का एक महत्वपूर्ण घटक है और मुख्य तौर पर एक इलेक्ट्रोलाइट है, जो स्वास्थ्य के लिए आवश्यक है। शरीर में सोडियम की अधिक मात्रा हाई ब्लड प्रेशर का कारण बनती है। इसलिए इसका सेवन नियंत्रित मात्रा में ही करना चाहिए। नेशनल एकेडमी ऑफ मेडिसिन प्रतिदिन 2,300 मिलीग्राम से कम नमक खाने की सलाह देता है। हालांकि, बहुत अधिक सोडियम समस्याओं का कारण बनता है, लेकिन बहुत कम खाना उतना ही अनहेल्दी हो सकता है।

  •   कोलेस्ट्रॉल - साल 2012 में अमेरिकन जर्नल ऑफ हाइपरटेंश में प्रकाशित एक शोध के अनुसार कम नमक खाने वाले लोगों में रेनिन, कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड का स्तर सामान्य लोगों की तुलना में अधिक होता है।
  •  हार्ट फेल्योर का खतरा बढ़ जाता है
    हार्ट फेल्योर तब होता है जब दिल, ब्लड और ऑक्सीजन की जरूरत को पूरा करने के लिए पर्याप्त ब्लड पंप नहीं कर पाता है। इसका मतलब यह नहीं है कि आपका दिल पूरी तरह से काम करना बंद कर देता है, लेकिन यह एक गंभीर स्वास्थ्य समस्या है। रॉड एस टेलर और उनके साथियों द्वारा की गई रिसर्च में पता चला है कि सोडियम की कम मात्रा की वजह से हार्ट फेल्योर वाले लोगों में मौत का खतरा बढ़ जाता है।

          * नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन में पब्लिश रॉड एस टेलर और साथियों की रिसर्च।

  •  बैड कोलेस्ट्रॉल (एलडीएल) और ट्राइग्लिसराइड बढ़ जाता है
    2012 में पब्लिश एक रिसर्च के अनुसार कम नमक खाने वाले लोगों में रेनिन, कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड का स्तर सामान्य लोगों की तुलना में अधिक होता है। जी जर्गेन्स ने नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन में पब्लिश अपनी रिसर्च में बताया है कि हेल्दी लोगों में कम सोडियम वाली डाइट के कारण एलडीएल (बैड) कोलेस्ट्रॉल में 4.6% और ट्राइग्लिसराइड्स 5.9% तक बढ़ जाता है।

         * नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन में पब्लिश जी जर्गेन्स और उनके साथियों की रिसर्च।

  • डायबिटीज -कम नमक खाने पर आप सोडियम की पर्याप्त मात्रा नहीं ले सकेंगे जिसके परिणामस्वरूप आप टाइप 2 डाइबिटीज के शिकार हो सकते हैं। हार्वर्ड यूनिवर्सिटी में साल 2010 में हुए शोध के अनुसार नमक की कमी का सीधा संबंध इंसुलिन संवेदनशीलता से है। यह इंसुलिन संवेदनशीलता को घटाता है जबकि कार्य क्षमता बढ़ाता है। इंसुलिन संवेदनशीलता की कमी डायबिटीज से पहले का चरण है।
  •  दिल की बीमारी का खतरा बढ़ जाता है
    पूरे दिन नमक नहीं खाने से आपके ब्लड शुगर लेवल में उतार-चढ़ाव आ सकता है। 152 लोगों पर हुई एक स्टडी के मुताबिक इंसुलिन प्रतिरोध तब होता है जब सेल्स हार्मोन इंसुलिन के सिग्नल का जवाब नहीं देते। इसकी वजह से ब्लड शुगर का लेवल बढ़ जाता है। इंसुलिन प्रतिरोध की वजह से टाइप-2 डायबिटीज और दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।

        * नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन (NIH) में पब्लिश डॉ. राजेश गर्ग और साथियों की रिसर्च।